नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
रेखा भिवगडे ✍️ नवरात्री का नवम दिन. तपस्या के फलप्राप्ती का. सिद्धीदात्री माता को समर्पित हैं। या देवी सर्वभूतेषु। सिद्धी रूपेण संस्थिता।। नमस्तयै, नमस्तयै। नमस्तयै नमो नमः।। शक्ती उपासना का…
नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
रश्मी कुळकर्णी ✍️ शारदीय नवरात्री शारदसौंदर्य से परिपूर्ण होती हैं | यह श्रद्धा एवम् भक्ती की आपूर्ती तो होती ही हैं किंतू मातृशक्ती के गुण-दर्शन का दर्पण भी होती हैं…
नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
प्रीति विनोद दीक्षित ✍️ अश्विनशुद्ध प्रतिपदा से नौ, दिनों का नवरात्रि उत्सव शुरू होता है । जो इस साल ११ अक्टूबर२०२६ को यानी इतवार को शुरू हुआ और देखते ही…
नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
डॉ. नंदिनी खाडे ✍️ नवदुर्गा के नौ रूपों में से एक हैं कात्यायनी माता का रूप.. यह मां दुर्गा का छठवां रूप माना जाता हैं. और नवरात्रि पर्व की षष्ठी…
नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
वंदना विष्णू पांडे ✍️ या देवी सर्वभूतेषु माँ स्कंदमाता रूपेण संस्थिता l नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः ll आदिशक्ती दुर्गा का यह पाँचवा रूप, माँ स्कंदमाता के नाम से जाना…
नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
हर्षा हरीश वाघमारे ✍️ शारदीय नवरात्री की शुरुवात अश्र्विन शुध्द प्रतिपदा से होती हैं ! नौ दीन देवी के नौ रुप होते हैं! प्रथम शैलपुत्रींच, व्दितीय ब्रम्हचारिणी, तृतीयं चंद्रघण्टेती,कुण्मांडेति चतुर्थकम्…
नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
मंजुषा विश्र्वेकर ✍️ “जब ज़िद पे आ गई पार्वती” “जब जिद पे आई पार्वती “यह गाना आप सबने सुना ही होगा l बहुत ही मधुर और दिल की छू लेनेवाला…
नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
पल्लवी संदीप पांडे ✍️ या देवी सर्वभूतेषु शांती रूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥ जो देवी समस्त प्राणियों में शांती के रूप में स्थित उसे मैं नमन करती हू…
नौ दिन, नौ देवियाँ, नौ रंग — नौ लेखिकाओं की कलम से
प्रेरणा प्रदीप वाडी ✍️ “या देवी सर्वभूतेषु शैलपुत्री रुपेन संस्थीता नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः” आज दिनांक ११ अक्तूबर २०२६. आज से शारदीय नवरात्री का प्रारंभ हो रहा है. नवदुर्गा…
Weekend Special : बालकनी में सूखते कपड़े भी बताते हैं शहर की एक कहानी!
शहरों में ऊंची-ऊंची इमारतें बढ़ रही हैं, फ्लैट छोटे होते जा रहे हैं और हर कोई अपनी जगह को खूबसूरत बनाने में लगा है। लेकिन इन चमकती इमारतों की बालकनी…










