विशेष श्रृंखला | दस गणपति, दस कहानियां

प्रा. डॉ. सतीश का. शिरसाठ ✍️  मेरे एक परिचित सज्जन थे। पेशे से वे तलाठी थे, इसलिए लोग उन्हें ‘भाऊसाहेब’ के नाम से जानते थे। हालांकि, मुझे हमेशा लगता था…