पुणे: पुणे के सबसे व्यस्त इलाकों में शामिल शिवाजीनगर की ट्रैफिक जाम की समस्या अब जल्द कम होती नजर आ रही है। शहरवासियों को राहत देने के लिए साखर संकुल से पुराने पुणे-मुंबई रोड तक फ्लाईओवर और ग्रेड सेपरेटर (समतल विलगक) बनाने की परियोजना को अंतिम मंजूरी मिल गई है। इस परियोजना पर 73.52 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे और इसे करीब डेढ़ साल में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
शिवाजीनगर में गणेशखिंड रोड से आने वाले वाहनों को कृषि महाविद्यालय, सिमला ऑफिस चौक, संचेती अस्पताल चौक और इंजीनियरिंग कॉलेज के सामने रोजाना भारी ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ता है। इसका असर आसपास की कई प्रमुख सड़कों पर भी दिखाई देता है, जिससे लोगों का सफर मुश्किल हो जाता है। इसी समस्या के स्थायी समाधान के लिए पुणे महानगरपालिका के विशेष परियोजना विभाग ने फ्लाईओवर और ग्रेड सेपरेटर बनाने की योजना तैयार की है। इस परियोजना का उद्देश्य ट्रैफिक का दबाव कम करना और वाहन चालकों को तेज व सुगम आवागमन उपलब्ध कराना है।
परियोजना का तकनीकी सर्वेक्षण और ट्रैफिक अध्ययन प्रीतम एंटरप्रायजेस नामक सलाहकार संस्था ने किया। सर्वेक्षण के आधार पर फ्लाईओवर का विस्तृत डिजाइन तैयार किया गया। तकनीकी जांच समिति और आयुक्त की मंजूरी मिलने के बाद अब स्थायी समिति ने भी इस परियोजना के खर्च को अंतिम स्वीकृति दे दी है। परियोजना समय पर पूरी होने के बाद शिवाजीनगर की लंबे समय से चली आ रही ट्रैफिक जाम की समस्या में बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। इससे रोजाना हजारों वाहन चालकों का समय बचेगा और शहर की यातायात व्यवस्था भी अधिक सुगम होगी।


