नागपुर : नागपुर में 322 इंजीनियरिंग छात्रों के प्रवेश रद्द किए जाने का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। छात्रों के शैक्षणिक भविष्य को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने संविधान चौक पर विरोध प्रदर्शन किया। ABVP ने प्रशासन से छात्रों के हित में तत्काल हस्तक्षेप करने और प्रवेश रद्द करने के फैसले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
ABVP के अनुसार, प्रियदर्शनी भगवती इंजिनियरिंग कॉलेज, एसबी जैन इंजिनियरिंग कॉलेज, जीएच रायसोनी कॉलेज ऑफ इंजिनियरिंग, जीएच रायसोनी कॉलेज ऑफ इंजिनियरिंग एंड मैनेजमेंट और प्रियदर्शनी कॉलेज ऑफ इंजिनियरिंग में प्रथम वर्ष में प्रवेश लेने वाले 322 छात्रों के एडमिशन कथित दस्तावेजी अनियमितताओं के आधार पर रद्द किए गए हैं।
परिषद का कहना है कि इन छात्रों ने निर्धारित प्रक्रिया के तहत अपने दस्तावेज जमा कर प्रवेश लिया था और करीब एक साल तक नियमित रूप से पढ़ाई भी की। ऐसे में अचानक प्रवेश रद्द होने से छात्रों के सामने पढ़ाई और भविष्य को लेकर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। छात्रों की चिंता है कि यदि उनका प्रवेश रद्द रहता है, तो उनकी अब तक की पढ़ाई और पूरा शैक्षणिक वर्ष प्रभावित हो सकता है।
‘गलती किसी की, सजा छात्रों को क्यों?’
ABVP का आरोप है कि यदि प्रवेश प्रक्रिया में किसी तरह की गड़बड़ी या दस्तावेजी अनियमितता हुई है, तो उसकी जानकारी छात्रों को नहीं थी। ऐसे में दोषी छात्रों के बजाय प्रवेश प्रक्रिया के लिए जिम्मेदार लोगों और कथित प्रवेश दलालों की भूमिका की जांच होनी चाहिए।
ABVP ने मांग की है कि प्रत्येक छात्र को अपना पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर दिया जाए। साथ ही प्रवेश रद्द करने का आधार, संबंधित दस्तावेज और लागू नियमों की जानकारी छात्रों को लिखित रूप में उपलब्ध कराई जाए। परिषद ने संबंधित अधिकारियों की भूमिका की भी निष्पक्ष जांच की मांग की है। साथ ही जांच पूरी होने तक छात्रों की पढ़ाई जारी रखने की व्यवस्था करने की मांग प्रशासन के सामने रखी गई है।
ARA के फैसले की स्पष्ट जानकारी की मांग
ABVP ने प्रशासन से ARA के निर्णय की स्पष्ट जानकारी संबंधित छात्रों और कॉलेजों को उपलब्ध कराने की मांग की है। परिषद का कहना है कि प्रवेश प्रक्रिया में हुई किसी भी गलती का पूरा बोझ छात्रों पर डालना उचित नहीं है। अब इस मामले में प्रशासन की ओर से क्या कदम उठाया जाता है और 322 छात्रों के शैक्षणिक भविष्य को लेकर क्या निर्णय लिया जाता है, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।


