मुंबई : जुलाई में हुई अच्छी बारिश के चलते मुंबई को पानी देने वाले सातों बांधों में जलसंचय बढ़कर 88.49% तक पहुंच गया है। इससे शहर की पानी की स्थिति पहले से बेहतर हुई है, लेकिन फिलहाल मुंबईवासियों को 10% पानी कटौती से राहत नहीं मिलने वाली है। बीएमसी के जल विभाग के अनुसार, जब तक सभी बांधों में 100% जलसंचय नहीं हो जाता, तब तक पानी की कटौती जारी रहेगी। मौसम विभाग ने भी एल नीनो के प्रभाव के कारण अगस्त और सितंबर में सामान्य से कम बारिश होने की संभावना जताई है। इसी वजह से प्रशासन कोई जोखिम नहीं लेना चाहता।
मुंबई की प्यास बुझाने के लिए मोडक सागर, भातसा, अपर वैतरणा, मध्य वैतरणा, तानसा, विहार और तुलसी इन सात बांधों से रोजाना करीब 4,100 मिलियन लीटर पानी की आपूर्ति की जाती है। पूरे साल की जरूरत पूरी करने के लिए लगभग 14.47 लाख मिलियन लीटर पानी का भंडारण आवश्यक माना जाता है। 30 जुलाई तक इन सातों बांधों में कुल 12.80 लाख मिलियन लीटर पानी उपलब्ध है। जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी जरूर हुई है, लेकिन प्रशासन का कहना है कि मानसून के बाकी दिनों को देखते हुए पानी का सावधानी से उपयोग करना जरूरी है।
30 जुलाई तक प्रमुख बांधों में जलसंचय
अपर वैतरणा – 1,80,956 मिलियन लीटर
मोडक सागर – 1,28,925 मिलियन लीटर
तानसा – 1,43,004 मिलियन लीटर
मध्य वैतरणा – 1,70,927 मिलियन लीटर
भातसा – 6,21,257 मिलियन लीटर
विहार – 27,698 मिलियन लीटर
तुलसी – 8,019 मिलियन लीटर
मुंबई में बारिश ने राहत तो दी है, लेकिन फिलहाल पानी की बचत ही सबसे बड़ा उपाय है। जब तक बांध पूरी तरह नहीं भर जाते, तब तक 10% पानी कटौती जारी रहने की संभावना है।


