मुंबई : मुंबई की लाइफलाइन कही जाने वाली लोकल ट्रेन एक बार फिर चर्चा में है। लगातार देरी से चल रही डहाणू-चर्चगेट (93002) लोकल से परेशान यात्रियों का सब्र अब जवाब देने लगा है। रोज ऑफिस के लिए समय पर निकलने के बावजूद देर से पहुंचने की परेशानी झेल रहे यात्रियों ने रेलवे से जवाब मांगा, लेकिन रेलवे प्रशासन ने देरी की वजह यात्रियों को ही बताया।
दरअसल, एक यात्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर शिकायत करते हुए कहा कि बोईसर स्टेशन पर यह लोकल पिछले 10 दिनों से लगातार तय समय से लेट पहुंच रही है। इसका असर उनकी नौकरी पर पड़ रहा है और उन्हें रोज ‘लेट पंच’ का सामना करना पड़ रहा है। शिकायत के बाद पश्चिम रेलवे ने जवाब देते हुए कहा कि एसी लोकल के दरवाजे पर यात्रियों की भीड़ और रुकावट के कारण ट्रेनों का संचालन प्रभावित हुआ, जिससे बाद की लोकल सेवाएं भी देरी से चलीं। हालांकि, यात्रियों का कहना है कि अगर देरी लगातार 10 दिनों से हो रही है, तो हर बार सिर्फ दरवाजे पर खड़े यात्रियों को जिम्मेदार ठहराना सही नहीं है। उनका सवाल है कि क्या रेलवे के संचालन और टाइम मैनेजमेंट में भी कोई कमी नहीं है?
रोजाना हजारों नौकरीपेशा लोग समय पर ऑफिस पहुंचने के लिए लोकल ट्रेन पर निर्भर रहते हैं। ऐसे में लगातार हो रही देरी से उनका पूरा दिन प्रभावित हो रहा है। यात्रियों का कहना है कि केवल माफी मांगने या वजह बताने से समस्या का समाधान नहीं होगा। अब जरूरत है कि रेलवे समय पर लोकल चलाने के लिए ठोस कदम उठाए, ताकि रोजाना सफर करने वाले लोगों को राहत मिल सके।


