त्योहारों का मौसम शुरू होते ही खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता को लेकर महाराष्ट्र के खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने सख्त अभियान शुरू किया है। FDA आयुक्त तुकाराम मुंढे के नेतृत्व में चलाए गए इस अभियान में नागपुर विभाग से 12.10 लाख रुपये का अवैध गुटखा और सुगंधित तंबाकू जब्त किया गया। इस मामले में दो वाहन भी कब्जे में लिए गए हैं और तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
अभियान के दौरान राज्यभर में खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले होटल और उपहारगृह भी जांच के दायरे में आए। कुल 27 प्रतिष्ठानों की जांच की गई, जिनमें से 14 के लाइसेंस निलंबित किए गए, जबकि 13 प्रतिष्ठानों को सुधार के लिए नोटिस जारी किए गए।
मुंबई में भी बड़ी कार्रवाई
मुंबई में ग्राहक की शिकायत के बाद कुलाबा स्थित ऑलिंपिया कॉफी हाउस का लाइसेंस निलंबित किया गया। जांच के दौरान खाद्य भंडारण की जगह के पास मूत्रालय, झुर्रियां और मक्खियों का प्रकोप, मांस के दाग और अस्वच्छ पानी के इस्तेमाल जैसी गंभीर खामियां सामने आईं। इसके अलावा मुंबई सेंट्रल स्थित नायर अस्पताल की कैंटीन का लाइसेंस भी खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन और अस्वच्छता के कारण निलंबित किया गया। चेंबूर के ब्लिंकिट, घाटकोपर के विश्वास स्वीट्स और A-1 ड्रायफ्रूट्स, वरली के मिलान पंजाब तथा मलाड के सद्गुरु स्वीट्स के खिलाफ भी कार्रवाई की गई।
2,813 किलो खोया-मावा और मिठाई जब्त
त्योहारों के दौरान मिठाइयों की मांग बढ़ने को देखते हुए FDA ने ठाणे, पालघर, पुणे और कोल्हापुर में दूध से बने उत्पादों की जांच की। इस दौरान करीब 7.38 लाख रुपये की कीमत का 2,813 किलो खोया, मावा और मिठाई का संदिग्ध स्टॉक जब्त किया गया। ठाणे के काशिमीरा पुलिस स्टेशन के सामने दो वाहनों से करीब 5.86 लाख रुपये का खोया और स्वीट मावा संदिग्ध व अस्वच्छ स्थिति में ले जाते हुए पकड़ा गया। पालघर के चारोटी टोल नाके, सातारा के कराड और कोल्हापुर के शिरोळ में भी कार्रवाई करते हुए संदिग्ध दुग्धजन्य पदार्थ जब्त किए गए।
दूसरे जिलों में भी संदिग्ध खाद्य सामग्री पर कार्रवाई
छत्रपति संभाजीनगर में 1.92 लाख रुपये की संदिग्ध मिठाई जब्त की गई। वहीं अहिल्यानगर और नाशिक रोड में संदिग्ध गुड़ और घी का स्टॉक भी कार्रवाई के दौरान कब्जे में लिया गया। FDA आयुक्त तुकाराम मुंढे ने साफ किया है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के मामले में किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने नागरिकों से भी अपील की है कि अगर उन्हें खाद्य पदार्थों में मिलावट या किसी तरह की गड़बड़ी नजर आती है, तो वे 1800222365 टोल-फ्री नंबर या FDA के शिकायत पोर्टल पर इसकी जानकारी दें।


