नागपुर : महाराष्ट्र पशु एवं मत्स्य विज्ञान विश्वविद्यालय (माफसू) के कुलपति डॉ. नितीन पाटील का कार्यकाल 27 सितंबर को समाप्त हो रहा है। इसके बाद माफसू के कुलपति पद का अतिरिक्त कार्यभार राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज नागपुर विश्वविद्यालय की कुलपति डॉ. मनाली एम. क्षीरसागर को सौंपा गया है। वह 28 सितंबर से अगले आदेश तक माफसू की जिम्मेदारी संभालेंगी।
महाराष्ट्र के राज्यपाल और माफसू के कुलाधिपति जिष्णु देव वर्मा ने 24 सितंबर को इस संबंध में आदेश जारी किया है। महाराष्ट्र पशु एवं मत्स्य विज्ञान विश्वविद्यालय अधिनियम, 1998 की धारा 16 (8) के तहत मिले अधिकारों का इस्तेमाल करते हुए डॉ. क्षीरसागर को कार्यवाहक कुलपति की जिम्मेदारी दी गई है। डॉ. मनाली क्षीरसागर पहले से ही नागपुर विश्वविद्यालय की कुलपति के रूप में अपनी जिम्मेदारी संभाल रही हैं। ऐसे में अब उनके सामने एक साथ दो विश्वविद्यालयों की प्रशासनिक जिम्मेदारी का नया अध्याय शुरू होगा। माफसू का काम केवल विश्वविद्यालय की प्रशासनिक व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि पशु चिकित्सा शिक्षा, पशुसंवर्धन, मत्स्य विज्ञान, अनुसंधान और किसानों व पशुपालकों से जुड़े कार्यों से भी जुड़ा है।
डॉ. नितीन पाटील का कार्यकाल पूरा होने के बाद नए कुलपति की नियुक्ति होने तक डॉ. क्षीरसागर माफसू का अतिरिक्त कार्यभार संभालेंगी। हालांकि, यह जिम्मेदारी कितने समय तक रहेगी, इसकी कोई निश्चित अवधि आदेश में नहीं बताई गई है। इस बदलाव के बीच माफसू के सामने कई अहम काम भी हैं। विश्वविद्यालय के लंबित प्रशासनिक मुद्दों के साथ शैक्षणिक सुविधाओं, शोध परियोजनाओं और पशुधन, दुग्ध व्यवसाय, मत्स्य व्यवसाय तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जुड़े शोध को आगे बढ़ाना बड़ी जिम्मेदारी होगी। ऐसे में डॉ. क्षीरसागर के सामने दोनों विश्वविद्यालयों के काम के बीच प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की चुनौती भी रहेगी।


