टाटा समूह से जुड़ी एक बड़ी खबर ने बुधवार को शेयर बाजार में हलचल बढ़ा दी। टाटा संस के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन के इस्तीफे की खबर सामने आने के बाद टाटा समूह की कई कंपनियों के शेयरों में गिरावट देखने को मिली। पहले से कमजोर बाजार के बीच इस खबर ने निवेशकों की चिंता और बढ़ा दी। हालांकि, चंद्रशेखरन तत्काल पद नहीं छोड़ रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि टाटा संस के चेयरमैन के रूप में उनका कार्यकाल 20 फरवरी 2027 तक है और वह तब तक अपनी जिम्मेदारी संभालते रहेंगे। इसके बाद टाटा संस को नए चेयरमैन की तलाश करनी होगी।
TCS के शेयरों में सबसे ज्यादा दबाव
टाटा समूह की प्रमुख आईटी कंपनी TCS के शेयरों पर इस खबर का सबसे ज्यादा असर दिखाई दिया। शुरुआती कारोबार में शेयर करीब 5 फीसदी तक टूट गया। सुबह 11:25 बजे तक TCS का शेयर 4.22% गिरकर ₹2,343 पर कारोबार कर रहा था। इसके अलावा टाटा कंज्यूमर के शेयर 1.85% गिरकर ₹1,058 पर आ गए। वहीं टाटा मोटर्स PV में 2.62% की गिरावट दर्ज हुई और शेयर ₹338 के आसपास पहुंच गया।
कुछ कंपनियों के शेयरों में तेजी भी
टाटा समूह की सभी कंपनियों के शेयरों में गिरावट नहीं रही। टाटा मोटर्स CV का शेयर 0.91% बढ़कर ₹454 पर पहुंच गया। टाटा केमिकल्स में भी 1.28% की तेजी देखी गई और शेयर ₹677.30 पर पहुंच गया। वहीं टाटा पावर का शेयर 1.33% गिरकर ₹374.95 और टाइटन का शेयर 1.60% गिरकर ₹5,046 पर आ गया। टाटा कैपिटल में 0.57% की तेजी रही और शेयर ₹369.25 पर पहुंचा। टाटा टेक्नोलॉजीज 1.44% और टाटा एल्क्सी 1.37% नीचे कारोबार कर रहे थे।
करीब चार दशक से टाटा समूह से जुड़े हैं चंद्रशेखरन
एन. चंद्रशेखरन का टाटा समूह से लंबा जुड़ाव रहा है। उन्होंने 1987 में टाटा समूह में कदम रखा था। इसके बाद 2009 में उन्हें TCS का CEO बनाया गया और 2017 में उन्होंने टाटा संस के चेयरमैन की जिम्मेदारी संभाली। फरवरी में टाटा संस ने चंद्रशेखरन को दोबारा चेयरमैन बनाए जाने के प्रस्ताव पर फैसला आगे बढ़ा दिया था। इसके बाद से ही समूह के शीर्ष नेतृत्व को लेकर बाजार में चर्चाएं तेज थीं।
बुधवार को सामने आई जानकारी के बाद चंद्रशेखरन ने कहा कि पिछले करीब एक दशक तक टाटा समूह का नेतृत्व करना उनके लिए गर्व और बड़ी जिम्मेदारी का विषय रहा है। फिलहाल वह अपना मौजूदा कार्यकाल पूरा करेंगे, लेकिन उनके बाद टाटा संस की कमान किसके हाथ में होगी, इस पर अब निवेशकों की नजर बनी हुई है।
निवेशकों की नजर अब अगले कदम पर
चंद्रशेखरन के नेतृत्व में टाटा समूह ने कई बड़े बदलाव और विस्तार देखे हैं। ऐसे में उनके कार्यकाल के बाद समूह की रणनीति और नेतृत्व में संभावित बदलाव को लेकर बाजार स्वाभाविक रूप से सतर्क है। यही वजह है कि इस्तीफे की खबर ने टाटा समूह के शेयरों में तत्काल प्रतिक्रिया पैदा की।


