महिला आरक्षण विधेयक को लेकर देशभर में राजनीतिक माहौल गरमा गया है। संसद में यह विधेयक पारित न हो पाने के बाद आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। नागपुर में मेयर नीता ठाकरे ने महिला पदाधिकारियों और नगरसेवकों के साथ एक संयुक्त पत्रकार परिषद आयोजित की। इस दौरान उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की ओर से कांग्रेस और उन सभी दलों पर तीखा हमला बोला, जिन्होंने इस विधेयक का विरोध किया या समर्थन नहीं दिया।
नीता ठाकरे ने कहा कि महिला सशक्तिकरण के लिए यह विधेयक बेहद जरूरी था, लेकिन विपक्ष की राजनीति के कारण इसे आगे नहीं बढ़ाया जा सका। उन्होंने इस रुख को महिलाओं के अधिकारों के खिलाफ बताया और कड़ा विरोध जताया।
इस मौके पर उपस्थित महिला नेताओं ने भी एक स्वर में इस निर्णय की निंदा की और जल्द से जल्द महिला आरक्षण लागू करने की मांग उठाई।


