मुंबई : बेस्ट उपक्रम में काम करने वाले हजारों कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। बेस्ट समिति की बैठक में कर्मचारियों के वेतन से जुड़े तीन महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है। इनमें 7वें वेतन आयोग की तर्ज पर संशोधित वेतनश्रेणी, कंत्राटी कर्मचारियों के लिए समान काम-समान वेतन और नैमित्तिक कर्मचारियों के वेतन निर्धारण की सिफारिश शामिल है।
इस फैसले से नियमित, कंत्राटी और नैमित्तिक कर्मचारियों को आर्थिक लाभ मिलने की उम्मीद है। हालांकि, अभी यह अंतिम फैसला नहीं है। प्रस्ताव को अंतिम मंजूरी के लिए मुंबई महानगरपालिका और राज्य सरकार की ओर से गठित विशेष अध्ययन समिति के पास भेजा जाएगा।
7वें वेतन आयोग की तर्ज पर बढ़ेगी सैलरी?
राज्य सरकार और महानगरपालिका के कर्मचारियों की तरह बेस्ट कर्मचारियों के लिए भी 7वें वेतन आयोग के अनुसार संशोधित वेतनश्रेणी लागू करने की सिफारिश की गई है। 2016 से 2025 तक के नौ साल की अवधि के लिए संशोधित वेतन समझौता करने का प्रस्ताव है। इसका फायदा करीब 27 हजार कर्मचारियों को मिलने की संभावना है। इस वेतन संशोधन से बेस्ट प्रशासन पर लगभग 6 हजार करोड़ रुपये का अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ने का अनुमान है।
कंत्राटी कर्मचारियों को भी बड़ी राहत
वेट लीज पर काम करने वाले कंत्राटी कर्मचारियों के लिए भी महत्वपूर्ण सिफारिश की गई है। संबंधित नियमों के आधार पर ‘समान काम, समान वेतन’ देने की सिफारिश की गई है। अगर इस प्रस्ताव को अंतिम मंजूरी मिलती है, तो करीब 9 हजार कंत्राटी कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी हो सकती है। इसके लिए बेस्ट पर लगभग 475 करोड़ रुपये सालाना अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ने की संभावना है।
2,200 नैमित्तिक कर्मचारियों के लिए भी राहत
बेस्ट के करीब 2,200 नैमित्तिक कर्मचारियों को भी इस फैसले से राहत मिलने की उम्मीद है। उच्च न्यायालय के आदेश के अनुसार, 31 मार्च 2016 से सेवा में शामिल किए गए इन कर्मचारियों के लिए काल्पनिक वेतन निर्धारण करने का निर्णय लिया गया है। यह वेतन उनकी वास्तविक नियुक्ति की तारीख से निर्धारित किया जाएगा। हालांकि, इस अवधि की कोई बकाया राशि कर्मचारियों को नहीं दी जाएगी। इस फैसले के लिए करीब 300 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
अब अंतिम मंजूरी का इंतजार
बेस्ट समिति की मंजूरी के बाद अब प्रस्ताव को आगे की प्रक्रिया के लिए भेजा जाएगा। महापालिका और राज्य सरकार की विशेष अध्ययन समिति की मंजूरी के बाद ही इन सिफारिशों को अंतिम रूप मिल सकेगा। फिलहाल बेस्ट के हजारों कर्मचारियों की नजर इस बात पर है कि सरकार की अंतिम मंजूरी कब मिलती है और वेतन बढ़ोतरी का लाभ उन्हें कब से मिलना शुरू होता है।


