पुणे : श्रावण महीने में भगवान शिव के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु भीमाशंकर पहुंचते हैं। इसी को देखते हुए श्रीक्षेत्र भीमाशंकर स्थित ज्योतिर्लिंग मंदिर को श्रावण के दौरान सुबह 5 बजे से रात 9.30 बजे तक श्रद्धालुओं के लिए खुला रखने का निर्णय लिया गया है। यानी भक्तों को करीब 16 घंटे तक दर्शन की सुविधा मिलेगी।
श्रावण के सोमवार और अन्य दिनों में बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने मंदिर परिसर में दर्शन व्यवस्था, यातायात और सुरक्षा को लेकर विशेष तैयारियां शुरू कर दी हैं। जिलाधिकारी कार्यालय में हुई बैठक में श्रद्धालुओं की सुविधा से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।
श्रावणी सोमवार को विशेष इंतजाम
मंदिर परिसर में सभामंडप और सीढ़ी मार्ग का काम चल रहा है। ऐसे में श्रद्धालुओं को दर्शन के दौरान किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए दर्शन व्यवस्था को व्यवस्थित रखने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए मंचर, राजगुरुनगर और नारायणगांव से अतिरिक्त एसटी बसें चलाने की तैयारी है। निजी वाहनों के लिए भी एसटी के समान शुल्क लेने को लेकर चर्चा की गई है।
अभिषेक और VIP दर्शन की ऑनलाइन बुकिंग
दर्शन व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए अभिषेक और VIP दर्शन के लिए केवल ऑनलाइन बुकिंग की व्यवस्था लागू की गई है। इससे श्रद्धालुओं को पहले से अपनी बुकिंग करने की सुविधा मिलेगी और मंदिर परिसर में अनावश्यक भीड़ को नियंत्रित करने में भी मदद मिलेगी।
मंदिर परिसर में बढ़ेगा सुरक्षा बंदोबस्त
श्रावण के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए मंदिर और वाहन पार्किंग क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया जाएगा। सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी के लिए अलग से पुलिस उपनिरीक्षक सहित पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी।
प्लास्टिक पर भी सख्ती
भीमाशंकर परिसर को प्लास्टिक मुक्त रखने के लिए वन विभाग को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही बंद पड़ी पानी की योजना को जल्द शुरू करने के आदेश भी दिए गए हैं, ताकि श्रावण के दौरान यहां आने वाले श्रद्धालुओं को पानी की समस्या का सामना न करना पड़े। देवस्थान के बेहतर प्रबंधन के लिए सेवानिवृत्त उपजिलाधिकारी को कार्यकारी अधिकारी नियुक्त करने और खेड तहसीलदार को सदस्य सचिव का पद देने की मांग भी बैठक में रखी गई। श्रावण में भीमाशंकर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए दर्शन का समय बढ़ाने के साथ ही प्रशासन की ओर से भीड़ और सुरक्षा को लेकर किए जा रहे ये इंतजाम राहत देने वाले हैं।


