महाराष्ट्र के लाखों किसानों को फिलहाल कर्जमाफी के लिए कुछ और इंतजार करना पड़ सकता है। राज्य सरकार की पुण्यश्लोक अहिल्याबाई होळकर किसान कर्जमाफी योजना की प्रक्रिया अभी अंतिम चरण में नहीं पहुंची है। सरकार ने किसानों से जुड़ी आयकर (इनकम टैक्स) संबंधी जानकारी केंद्र सरकार से मांगी है। यह जानकारी मिलने के बाद ही आगे की कार्रवाई और अंतिम फैसला होने की संभावना जताई जा रही है।
राज्य के कृषि मंत्री दत्तात्रय भरणे ने बताया कि केंद्र से मांगी गई जानकारी आने में लगभग पांच से छह दिन लग सकते हैं। ऐसे में कर्जमाफी को लेकर तत्काल कोई फैसला आने की संभावना कम मानी जा रही है। इस बीच, योजना की पात्रता को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है। सरकार इस बात पर विचार कर रही है कि आयकर देने वाले किसानों को योजना का लाभ दिया जाए या नहीं। हालांकि, इस संबंध में अभी कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है।
राज्य के किसान लंबे समय से कर्जमाफी का इंतजार कर रहे हैं। खेती की बढ़ती लागत, फसलों के उचित दाम न मिलने और आर्थिक दबाव के बीच किसान संगठनों ने सरकार से योजना को जल्द लागू करने की मांग की है। वहीं, बार-बार हो रही देरी और पात्रता को लेकर जारी असमंजस के कारण किसानों की चिंता भी बढ़ती जा रही है. अब सभी की नजर राज्य सरकार के अगले फैसले पर है। केंद्र से आवश्यक जानकारी मिलने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि कर्जमाफी योजना कब लागू होगी और किन किसानों को इसका लाभ मिलेगा।


