नागपुर की इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में केंद्रीय मंत्री C. R. Patil और राज्यसभा सांसद Darshana Singh ने स्पष्ट रूप से यह संदेश देने की कोशिश की कि ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ सिर्फ एक बिल नहीं, बल्कि महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम था। बीजेपी नेताओं ने इसके खारिज होने के लिए कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराते हुए इसे महिलाओं के अधिकारों के साथ अन्याय बताया।


