नागपुर : शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने में दिन-रात मेहनत करने वाले सफाई कर्मचारियों के सम्मान में नागपुर महानगरपालिका ने एक अहम फैसला लिया है। मौजा नारी में सफाई कर्मचारियों के लिए बन रही 392 ईडब्ल्यूएस (EWS) सी श्रेणी की आवासीय सदनिका परियोजना का नाम ‘महर्षि सुदर्शन वाल्मीकि वसाहत’ रखा जाएगा। इस प्रस्ताव को उपमहापौर लीला हाथीबेड की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में सर्वसम्मति से मंजूरी दी गई।
यह बैठक मंगलवार को नागपुर महानगरपालिका के सत्तापक्ष नेता नरेंद्र (बाल्या) बोरकर के सभाकक्ष में आयोजित की गई थी। बैठक में वाल्मीकि समाज के प्रतिनिधियों के साथ-साथ सफाई कर्मचारियों के विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी भी मौजूद रहे। चर्चा के दौरान सफाई कर्मचारियों के लिए तैयार हो रही इस आवासीय परियोजना के नामकरण पर सहमति बनी। मौजा नारी में निर्माणाधीन इस परियोजना का भूमिपूजन 12 जुलाई को होने जा रहा है। कार्यक्रम में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, राज्य के राजस्व मंत्री एवं नागपुर जिले के पालकमंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, महापौर नीता ठाकरे सहित कई जनप्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है।
बैठक में भूमिपूजन समारोह की तैयारियों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही शहर की स्वच्छता के लिए निरंतर सेवाएं देने वाले सफाई कर्मचारियों के योगदान को सम्मान देने के उद्देश्य से इस नामकरण को महत्वपूर्ण बताया गया। बैठक में वरिष्ठ नगरसेवक सुधीर (बंडू) राऊत, नगरसेवक विजय होले, नगरसेवक रितेश गावंडे, मनपा की मुख्य अभियंता लीना उपाध्ये तथा सफाई कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।


