Petrol diesel price cuts: पेट्रोल और डीजल की कीमतों को लेकर आम लोगों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। आने वाले समय में देश में पेट्रोल-डीजल के दाम कम होने की संभावना जताई जा रही है। इसकी वजह अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और सऊदी अरब द्वारा कच्चे तेल की कीमतों में की गई बड़ी कटौती को माना जा रहा है।
सऊदी अरब की सरकारी तेल कंपनी ने भारत समेत एशियाई देशों को होने वाली कच्चे तेल की आपूर्ति के लिए अगस्त महीने की कीमतों में बड़ी कमी की है। कंपनी ने अपने प्रमुख अरब लाइट क्रूड ऑयल की कीमत ओमान/दुबई बेंचमार्क से 1.50 डॉलर प्रति बैरल कम कर दी है। जुलाई की तुलना में यह बड़ी कटौती है। जानकारी के मुताबिक, वर्ष 2003 के बाद कच्चे तेल की आधिकारिक बिक्री कीमतों में यह सबसे बड़ी कमी मानी जा रही है। इस फैसले से भारत जैसे बड़े तेल आयातक देशों को फायदा मिलने की उम्मीद है।
भारत अपनी जरूरत का अधिकांश कच्चा तेल विदेशों से आयात करता है। ऐसे में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आने से भारतीय तेल कंपनियों का खर्च कम हो सकता है। अगर यह गिरावट आगे भी जारी रहती है, तो पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कमी की संभावना बढ़ सकती है। विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें लंबे समय तक कम रहने पर पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कीमतों पर दबाव कम हो सकता है। हालांकि, पेट्रोल-डीजल के दाम घटाने का अंतिम फैसला तेल कंपनियां बाजार की परिस्थितियों को देखते हुए लेंगी।
केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने भी संकेत दिए थे कि अगर कच्चे तेल की कीमतें नियंत्रण में रहती हैं, तो भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में राहत मिल सकती है। फिलहाल सऊदी अरब के इस फैसले से भारतीय उपभोक्ताओं में उम्मीद बढ़ गई है। अब नजर इस बात पर है कि आने वाले दिनों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों को लेकर तेल कंपनियां क्या फैसला लेती हैं।


