चंद्रपुर: भद्रावती तहसील के घोसरी (मौजा मुधोली) गांव के किसान अरविंद दादाजी पेगडपल्लीवार ने वन विभाग के अधिकारियों पर उनकी कृषि भूमि में बिना अनुमति जबरन प्रवेश कर पेड़ लगाने का गंभीर आरोप लगाया है। इस मामले को लेकर उन्होंने पत्रकार परिषद में अपनी आपबीती बताते हुए चंद्रपुर के जिलाधिकारी से निष्पक्ष जांच और दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
किसान के अनुसार, 14 जून 2026 को दोपहर करीब 2 से 2:30 बजे के बीच वडाला वन विभाग चेकपोस्ट के अधिकारी और कर्मचारी बिना किसी पूर्व सूचना या अनुमति के जेसीबी लेकर उनके खेत में पहुंचे। उन्होंने करीब ढाई एकड़ जमीन पर गड्ढे खोदकर पेड़ लगा दिए, जिससे खेती को भारी नुकसान पहुंचा और आर्थिक क्षति हुई। अरविंद पेगडपल्लीवार का कहना है कि संबंधित जमीन का मामला वर्ष 2021 से उपविभागीय अधिकारी, वरोरा सहित अन्य प्रशासनिक कार्यालयों में लंबित है। इसके बावजूद जिलाधिकारी के निर्देशों की अनदेखी करते हुए वन विभाग ने एकतरफा कार्रवाई की। उन्होंने आरोप लगाया कि जब इस संबंध में अधिकारियों से जवाब मांगा गया तो संतोषजनक उत्तर देने के बजाय उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया और धमकी भी दी गई।
किसान ने जिलाधिकारी को दिए ज्ञापन में पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कानूनी व विभागीय कार्रवाई करने, खेत में लगाए गए पेड़ों को हटाने, फसल व जमीन के नुकसान का पंचनामा कर उचित मुआवजा देने तथा भविष्य में इस तरह की घटनाएं रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की है। इस शिकायत की प्रतियां मुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री देवेंद्र फडणवीस, मुख्य वन संरक्षक, चंद्रपुर तथा उपनिदेशक (कोर), ताडोबा टाइगर रिजर्व को भी भेजी गई हैं।


