Dearness Allowance Hike : महंगाई भत्ते में 3% की बढ़ोतरी से केंद्रीय कर्मचारियों को राहत मिलने की उम्मीद है। जुलाई से लागू होने वाले इस फैसले के बाद लेवल 1 से 10 तक के कर्मचारियों को हर महीने कितने रुपये ज्यादा मिलेंगे? जानिए पूरी जानकारी।
सरकारी नौकरी करने वाले कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते (DA) से जुड़ी खबर काफी अहम है। बढ़ती महंगाई के बीच घर का खर्च संभालना आसान नहीं होता। ऐसे में महंगाई भत्ते में होने वाली बढ़ोतरी कर्मचारियों की मासिक कमाई में राहत लेकर आती है। केंद्र सरकार ने 28 अक्टूबर को हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में महंगाई भत्ते में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दी है। इसके बाद महंगाई भत्ता 60 प्रतिशत से बढ़कर 63 प्रतिशत हो गया है।
इस फैसले का फायदा केंद्रीय कर्मचारियों को उनके मूल वेतन के आधार पर मिलेगा। यानी किसी कर्मचारी की सैलरी में कितनी बढ़ोतरी होगी, यह उसके पे-लेवल और बेसिक सैलरी पर निर्भर करेगा। आइए जानते हैं कि लेवल 1 से लेकर लेवल 10 तक के कर्मचारियों को हर महीने कितने रुपये का अतिरिक्त लाभ मिलेगा।
महंगाई भत्ता बढ़ने से सैलरी में कितना होगा इजाफा?
महंगाई भत्ते की गणना कर्मचारी के मूल वेतन के आधार पर की जाती है। DA में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी का मतलब है कि कर्मचारी को उसके मूल वेतन का 3 प्रतिशत अतिरिक्त महंगाई भत्ता मिलेगा। उदाहरण के लिए, अगर किसी कर्मचारी का मूल वेतन 30,000 रुपये है, तो पहले 60 प्रतिशत DA के हिसाब से उसे 18,000 रुपये महंगाई भत्ता मिलता था। अब 63 प्रतिशत की दर से यह राशि बढ़कर 18,900 रुपये हो जाएगी। यानी कर्मचारी को हर महीने 900 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे।
इस तरह मूल वेतन और महंगाई भत्ते को मिलाकर उसकी राशि 48,900 रुपये हो जाएगी। हालांकि, यह केवल मूल वेतन और DA का हिसाब है। अन्य भत्ते और कटौतियां इसमें शामिल नहीं हैं।
लेवल 1 से 10 तक के कर्मचारियों को हर महीने कितने रुपये ज्यादा मिलेंगे?
सातवें वेतन आयोग के वेतन स्तरों के अनुसार, अलग-अलग लेवल के कर्मचारियों के न्यूनतम मूल वेतन पर 3 प्रतिशत DA बढ़ोतरी का हिसाब इस प्रकार है।
लेवल 1 : इस स्तर पर न्यूनतम मूल वेतन 18,000 रुपये है। DA में बढ़ोतरी से हर महीने 540 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। 63 प्रतिशत की दर से कुल महंगाई भत्ता 11,340 रुपये होगा।
लेवल 2 : न्यूनतम मूल वेतन 19,900 रुपये होने पर हर महीने 597 रुपये की बढ़ोतरी होगी। इस स्तर पर नया महंगाई भत्ता 12,537 रुपये होगा।
लेवल 3 : 21,700 रुपये मूल वेतन वाले कर्मचारियों को हर महीने 651 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। उनका कुल महंगाई भत्ता 13,671 रुपये होगा।
लेवल 4 : इस स्तर पर न्यूनतम मूल वेतन 25,500 रुपये है। कर्मचारियों को हर महीने 765 रुपये ज्यादा मिलेंगे और कुल DA 16,065 रुपये हो जाएगा।
लेवल 5 : 29,200 रुपये मूल वेतन वाले कर्मचारियों को हर महीने 876 रुपये का अतिरिक्त लाभ मिलेगा। उनका महंगाई भत्ता बढ़कर 18,396 रुपये हो जाएगा।
लेवल 6 : न्यूनतम मूल वेतन 35,400 रुपये होने पर हर महीने 1,062 रुपये की बढ़ोतरी होगी। नया महंगाई भत्ता 22,302 रुपये होगा।
लेवल 7 : इस स्तर पर 44,900 रुपये मूल वेतन वाले कर्मचारियों को हर महीने 1,347 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। उनका कुल DA 28,287 रुपये होगा।
लेवल 8 : 47,600 रुपये मूल वेतन पर हर महीने 1,428 रुपये की बढ़ोतरी होगी। इस स्तर के कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 29,988 रुपये हो जाएगा।
लेवल 9 : न्यूनतम मूल वेतन 53,100 रुपये होने पर कर्मचारियों को हर महीने 1,593 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। उनका कुल DA 33,453 रुपये होगा।
लेवल 10 : इस स्तर पर न्यूनतम मूल वेतन 56,100 रुपये है। DA में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी से हर महीने 1,683 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। इसके बाद कुल महंगाई भत्ता 35,343 रुपये होगा।
जुलाई से मिलेगा बढ़ोतरी का लाभ, खाते में आ सकता है एरियर
महंगाई भत्ते में की गई इस बढ़ोतरी को जुलाई 2026 से लागू किए जाने की जानकारी दी गई है। ऐसे में कर्मचारियों को जुलाई से बढ़ी हुई दर के हिसाब से लाभ मिल सकता है। यदि बढ़ा हुआ DA बाद में जारी किया जाता है, तो पात्र कर्मचारियों को जुलाई से लागू होने वाली बढ़ोतरी का एरियर भी मिल सकता है। हालांकि, एरियर के भुगतान और उसकी समय-सीमा की पुष्टि आधिकारिक आदेश के आधार पर ही की जानी चाहिए।
क्या राज्य सरकार के कर्मचारियों को भी मिलेगा फायदा?
केंद्रीय कर्मचारियों के बाद अब राज्य सरकार के कर्मचारियों की नजरें भी महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी पर रहेंगी। हालांकि, केंद्र सरकार का फैसला अपने आप सभी राज्य कर्मचारियों पर लागू नहीं होता। राज्य सरकारों को अपने कर्मचारियों के लिए अलग से निर्णय लेना होता है।
इसलिए महाराष्ट्र समेत दूसरे राज्यों के सरकारी कर्मचारियों को बढ़े हुए DA का लाभ कब मिलेगा, यह संबंधित राज्य सरकार की घोषणा पर निर्भर करेगा। कुल मिलाकर, महंगाई भत्ते में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी से केंद्रीय कर्मचारियों की मासिक आय में उनके मूल वेतन के अनुसार इजाफा होगा। लेवल 1 के कर्मचारियों को न्यूनतम मूल वेतन पर हर महीने 540 रुपये, जबकि लेवल 10 के कर्मचारियों को 1,683 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे।


