भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सलामी बल्लेबाज स्मृति मंधाना और शेफाली वर्मा ने अपनी शानदार बल्लेबाजी से टी-20 क्रिकेट में इतिहास रच दिया है। दोनों ने साल 2026 में अब तक 23 टी-20 अंतरराष्ट्रीय पारियों में कुल 1083 साझेदारी के रन बनाए हैं। इसके साथ ही वे महिला टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में एक कैलेंडर वर्ष में 1000 से ज्यादा साझेदारी के रन बनाने वाली पहली जोड़ी बन गई हैं। दोनों खिलाड़ियों की यह उपलब्धि भारतीय महिला क्रिकेट के लिए एक बड़ी कामयाबी है।
जिम्बाब्वे के खिलाफ जीत में अहम भूमिका
भारत और जिम्बाब्वे की महिला टीमों के बीच इन दिनों द्विपक्षीय सीरीज खेली जा रही है। इस सीरीज में तीन टी-20 और तीन एकदिवसीय मुकाबले होने हैं। रविवार, 18 अक्टूबर को खेले गए दूसरे टी-20 मुकाबले में भारतीय टीम ने जिम्बाब्वे को 9 विकेट से हराकर सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बना ली।
राजपुर में खेले गए इस मुकाबले में जिम्बाब्वे की टीम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी की। भारतीय गेंदबाजों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जिम्बाब्वे को 102 रनों पर रोक दिया। इसके बाद भारतीय टीम ने 103 रनों के लक्ष्य को महज 8.5 ओवर में एक विकेट खोकर हासिल कर लिया।
शेफाली की तूफानी पारी, स्मृति का मिला साथ
लक्ष्य का पीछा करते हुए स्मृति मंधाना और शेफाली वर्मा ने भारतीय टीम को तेज शुरुआत दिलाई। दोनों के बीच पहले विकेट के लिए 96 रनों की शानदार साझेदारी हुई। शेफाली ने महज 25 गेंदों में 55 रन बनाए। उनकी इस आक्रामक पारी में 6 चौके और 4 छक्के शामिल रहे। भले ही दोनों बल्लेबाज इस मुकाबले में शतकीय साझेदारी पूरी नहीं कर सकीं, लेकिन उनकी इस पारी ने भारतीय टीम की जीत आसान बना दी। साथ ही, दोनों ने अपनी ऐतिहासिक उपलब्धि से क्रिकेट प्रशंसकों का ध्यान भी खींचा।
UAE की जोड़ी का रिकॉर्ड टूटा
स्मृति मंधाना और शेफाली वर्मा से पहले महिला टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में एक कैलेंडर वर्ष के दौरान सबसे ज्यादा साझेदारी के रन बनाने का रिकॉर्ड ईशा ओजा और तीर्थ सतीश के नाम था। दोनों ने साल 2025 में संयुक्त अरब अमीरात की ओर से खेलते हुए 21 पारियों में 943 रन बनाए थे। अब स्मृति और शेफाली ने 2026 में 1083 रन बनाकर इस रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। दोनों की शानदार फॉर्म और मैदान पर तालमेल भारतीय टीम के लिए बड़ी ताकत साबित हो रहा है। उनकी यह उपलब्धि बताती है कि बेहतरीन बल्लेबाजी के साथ मजबूत साझेदारी भी मैच का रुख बदलने में अहम भूमिका निभाती है।


