भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा एक बार फिर घरेलू क्रिकेट में अपना दम दिखाने के लिए तैयार हैं। रणजी ट्रॉफी 2026-27 सीजन के पहले मुकाबले के लिए उन्हें सौराष्ट्र की 16 सदस्यीय टीम में शामिल किया गया है। सौराष्ट्र का पहला मुकाबला छत्तीसगढ़ के खिलाफ होगा, जबकि टीम की कमान अनुभवी तेज गेंदबाज जयदेव उनादकट के हाथों में रहेगी।
न्यूजीलैंड दौरे से पहले जडेजा के लिए अहम मौका
वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज में भारतीय टीम की जीत के बाद जडेजा अब लाल गेंद से क्रिकेट खेलने की तैयारी में हैं। वेस्टइंडीज के खिलाफ उन्होंने दो मुकाबले खेले और दो विकेट हासिल किए। हालांकि, उन्हें बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला। ऐसे में रणजी ट्रॉफी का यह मुकाबला उनके लिए गेंदबाजी के साथ अपनी बल्लेबाजी को भी परखने का अच्छा अवसर होगा।
भारत को अगले महीने न्यूजीलैंड दौरे पर दो टेस्ट मैच खेलने हैं। पहला टेस्ट 19 से 23 नवंबर तक वेलिंगटन में और दूसरा टेस्ट 27 नवंबर से 1 दिसंबर तक क्राइस्टचर्च में खेला जाएगा। ऐसे में रणजी ट्रॉफी में खेलने से जडेजा को टेस्ट क्रिकेट की तैयारियों के लिए अहम अभ्यास मिल सकता है।
उनादकट पर फिर भरोसा, सौराष्ट्र को खिताब की उम्मीद
रणजी ट्रॉफी के 92वें सीजन की शुरुआत 11 अक्टूबर से हो रही है। दो बार खिताब जीत चुकी सौराष्ट्र की टीम इस बार बेहतर प्रदर्शन करने के इरादे से मैदान पर उतरेगी। पिछले सीजन में शुरुआती दौर में बाहर होने के बाद टीम की नजर इस बार मजबूत वापसी पर रहेगी। जयदेव उनादकट को एक बार फिर कप्तानी सौंपी गई है। उनकी अगुवाई में सौराष्ट्र ने 2019-20 और 2022-23 में रणजी ट्रॉफी का खिताब जीता था। इंग्लैंड में ससेक्स की ओर से प्रभावशाली प्रदर्शन करने के बाद उनादकट से टीम को काफी उम्मीदें होंगी।
टीम की तेज गेंदबाजी की जिम्मेदारी उनादकट और चेतन सकारिया संभालेंगे। इस सीजन के लिए पिछले साल की टीम के 14 खिलाड़ियों को बरकरार रखा गया है। सौराष्ट्र को ग्रुप-बी में रखा गया है, जहां उसका सामना आंध्र, असम, छत्तीसगढ़, हैदराबाद, कर्नाटक, पंजाब और त्रिपुरा जैसी टीमों से होगा। अब सभी की नजरें जडेजा के प्रदर्शन पर रहेंगी। घरेलू क्रिकेट में उनका अनुभव सौराष्ट्र के लिए अहम साबित हो सकता है। साथ ही, न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज से पहले यह मुकाबला उनकी तैयारी को भी धार देने का मौका देगा।


