मुंबई पर जल संकट, स्विमिंग पूल और निर्माण कार्य बंद

मुंबई : मुंबई पर इस समय गंभीर जल संकट मंडरा रहा है। मानसून की धीमी शुरुआत और ‘एल नीनो’ के असर के कारण शहर को पानी सप्लाई करने वाले जलाशयों में जल भंडार तेजी से घट गया है। वर्तमान में इन जलाशयों में केवल 10.35 प्रतिशत पानी बचा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) ने पानी बचाने के लिए कई कड़े कदम उठाए हैं।
महापालिका ने पहले ही 15 मई से मुंबई में 10 प्रतिशत जल कटौती लागू कर दी थी। लेकिन जून का आधा महीना बीत जाने के बावजूद पर्याप्त बारिश नहीं होने से जल संकट और गहरा गया है। इसी वजह से बुधवार, 17 जून से शहर के सभी निर्माणाधीन प्रोजेक्ट्स और स्विमिंग पूलों को दिए जाने वाले पानी की आपूर्ति अस्थायी रूप से बंद कर दी गई है।
BMC द्वारा जारी परिपत्र के अनुसार, अगले आदेश तक नए निर्माण कार्यों के लिए पानी के कनेक्शन भी मंजूर नहीं किए जाएंगे। साथ ही, पीने के पानी का दुरुपयोग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। जल संकट को देखते हुए औद्योगिक और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, स्पोर्ट्स क्लबों तथा अन्य गैर-आवश्यक उपयोगों के लिए पानी की आपूर्ति में 20 प्रतिशत की कटौती की गई है। वहीं पैकेज्ड वॉटर और बोतलबंद पानी बनाने वाले संयंत्रों को केवल कर्मचारियों की पीने की जरूरतों तक ही पानी उपलब्ध कराया जाएगा।
महापालिका ने सार्वजनिक शौचालयों, वाहन धुलाई केंद्रों और उद्यानों के रखरखाव के लिए पीने के पानी के बजाय बोरवेल, कुओं या टैंकर के पानी का उपयोग करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा रेलवे, तेल कंपनियों, नौसेना, MIDC और अन्य बड़े संस्थानों को द्वितीयक उपयोग के लिए शुद्ध किए गए पुनर्चक्रित पानी का इस्तेमाल अनिवार्य किया गया है। मुंबई में बारिश का इंतजार बढ़ता जा रहा है। ऐसे में प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे पानी का इस्तेमाल बेहद सावधानी से करें और एक-एक बूंद बचाने में सहयोग दें, ताकि शहर को आने वाले दिनों में किसी बड़े जल संकट का सामना न करना पड़े।

Related Posts

शिक्षकों की लंबित समस्याओं पर मंथन, 4 दिन में समाधान का भरोसा; शिक्षा अधिकारी ने दिए सख्त निर्देश

नागपुर : विदर्भ शिक्षक संघ की सहविचार सभा जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) अनिल दहिफळे के कार्यालय में आयोजित की गई। बैठक में शिक्षकों की विभिन्न लंबित समस्याओं और प्रशासनिक मुद्दों…

नागपुर में बढ़ रहे ‘हिट एंड रन’ मामले, 5 महीने में 35 मौतें; सड़क सुरक्षा पर उठे सवाल

नागपुर : नागपुर शहर में ‘हिट एंड रन’ की बढ़ती घटनाएं चिंता का विषय बनती जा रही हैं। सड़क हादसों में घायल लोगों को मदद मिलने के बजाय आरोपी वाहन…